वास्तु शास्त्र : घर की साफ-सफाई हर किसी के लिए जरूरी है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि पुराने या फटे कपड़ों से पोछा लगाना वास्तु शास्त्र के अनुसार कितना नुकसानदायक हो सकता है? कई घरों में लोग पुराने टी-शर्ट, अंडरगारमेंट्स, बच्चों या बुजुर्गों के कपड़ों को पोछे के रूप में इस्तेमाल करते हैं, लेकिन वास्तु विशेषज्ञ इसे पूरी तरह गलत मानते हैं। इससे घर में नकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है, जिसका असर सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और रिश्तों पर पड़ता है। आइए विस्तार से समझते हैं।
वास्तु शास्त्र के अनुसार पुराने कपड़ों से पोछा क्यों नहीं लगाना चाहिए?
#वास्तु शास्त्र में कपड़े व्यक्ति की ऊर्जा का प्रतीक माने जाते हैं। जब हम कोई कपड़ा पहनते हैं, तो उसमें हमारी सकारात्मक या नकारात्मक ऊर्जा समाहित हो जाती है। पुराने, फटे या पहने हुए कपड़ों में यह ऊर्जा पहले से मौजूद रहती है। जब इन्हें पोछा बनाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है, तो:

- कपड़े में मौजूद जीवित ऊर्जा नकारात्मक ऊर्जा में बदल जाती है।
- यह नकारात्मकता पूरे घर में फैल जाती है।
- घर में लक्ष्मी का वास कमजोर होता है, जिससे आर्थिक तंगी, धन हानि और बेरोजगारी जैसी समस्याएं आ सकती हैं।
- परिवार में कलह, मनमुटाव और अकेलापन बढ़ता है।
- सदस्यों को बार-बार बीमारी, मानसिक तनाव या स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।
विशेष रूप से दिवंगत व्यक्ति के कपड़ों से पोछा लगाना सबसे ज्यादा वर्जित माना जाता है। यह नकारात्मक ऊर्जा को और मजबूत करता है और घर में अशांति लाता है।
बच्चों या परिवार के पुराने कपड़ों का क्या करें?
- छोटे बच्चों के कपड़े जल्दी पुराने हो जाते हैं। इन्हें पोछे में इस्तेमाल न करें, क्योंकि बच्चे की मासूम ऊर्जा भी प्रभावित होती है।
- फटे अंडरगारमेंट्स या बनियान का इस्तेमाल सबसे ज्यादा नुकसानदायक होता है। यह वास्तु दोष पैदा करता है और जादू-टोने जैसी नकारात्मक शक्तियों को आमंत्रित कर सकता है।
- पुराने कपड़ों को घर में इकट्ठा न होने दें। ये नकारात्मक ऊर्जा का भंडार बन जाते हैं।
वास्तु अनुसार पोछा लगाने के सही नियम और उपाय
वास्तु शास्त्र में सफाई को बहुत महत्व दिया गया है, लेकिन सही तरीके से। इन नियमों का पालन करें:
- पोछा लगाने के लिए हमेशा नए या साफ, अच्छे कपड़े इस्तेमाल करें। बाजार से सस्ता पोछा कपड़ा खरीदना बेहतर है।
- सफाई का सबसे अच्छा समय ब्रह्म मुहूर्त (सुबह 4-5:30 बजे) है। इससे पॉजिटिव एनर्जी बढ़ती है।
- उत्तर दिशा से शुरू करके पूरे घर में पोछा लगाएं।
- शाम को सूर्यास्त के बाद झाड़ू-पोछा न करें, अगर जरूरी हो तो गंगाजल छिड़कें।
- पुराने कपड़ों को दान करें (पहनने लायक होने पर), या छोटे टुकड़ों में काटकर कूड़े में डालें।
- घर में नियमित गंगाजल का छिड़काव करें और नमक पानी से सफाई करें। इससे नेगेटिव एनर्जी दूर होती है।
- टूटी-फूटी बाल्टी या झाड़ू का इस्तेमाल भी न करें।
पुराने कपड़ों से होने वाले नुकसान का सारांश
| कारण | प्रभाव |
|---|---|
| पुराने/फटे कपड़े | नकारात्मक ऊर्जा बढ़ना |
| दिवंगत के कपड़े | अशांति, अकेलापन, बीमारी |
| बच्चों के पुराने कपड़े | परिवार में कलह, स्वास्थ्य हानि |
| अंडरगारमेंट्स से पोछा | वास्तु दोष, आर्थिक नुकसान |
घर साफ रखना अच्छी बात है, लेकिन तरीका गलत होने से फायदा नुकसान में बदल जाता है। आज ही अपने घर की सफाई की आदतें चेक करें और वास्तु नियमों का पालन शुरू करें। इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा आएगी, लक्ष्मी प्रसन्न होंगी और परिवार खुशहाल रहेगा।







