गुजरात पुलिस भर्ती : गुजरात में पुलिस भर्ती का फिजिकल टेस्ट युवाओं के लिए सपनों का रास्ता तो बनता है, लेकिन कभी-कभी यह मौत का कारण भी बन जाता है। भरूच में गुजरात पुलिस सब इंस्पेक्टर (PSI) और लोक रक्षक दल (LRD) भर्ती के दौरान एक 25 वर्षीय युवक की मौत ने पूरे राज्य में शोक की लहर दौड़ा दी। युवक ने 5 किलोमीटर की दौड़ निर्धारित समय से पहले पूरी कर ली, लेकिन इसके तुरंत बाद दिल का दौरा पड़ने से उनकी जान चली गई। यह घटना खाकी वर्दी के सपने को अधूरा छोड़ गई। आइए जानते हैं पूरी घटना, कारण और इससे जुड़े महत्वपूर्ण पहलू।
घटना का विवरण: क्या हुआ भरूच में?
गुजरात पुलिस भर्ती बोर्ड द्वारा आयोजित फिजिकल टेस्ट में रविराज सिंह जडेजा (25 वर्ष) शामिल हुए। वे कच्छ जिले के मूल निवासी थे, लेकिन पिता महेंद्र सिंह (एसआरपी में असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर) वड़ोदरा में तैनात होने के कारण परिवार वड़ोदरा में रहता था। रविराज कई सालों से पुलिस में भर्ती होने की तैयारी कर रहे थे। सुबह-शाम कड़ी मेहनत और दौड़ की प्रैक्टिस की वजह से उन्होंने पहले भी इसी मैदान पर टेस्ट दिया था, लेकिन इस बार सफलता मिली।

- फिजिकल टेस्ट में 5 किलोमीटर की दौड़ का समय 25 मिनट निर्धारित था। रविराज ने इसे सिर्फ 21 मिनट
- में पूरा कर लिया, जो बेहद शानदार प्रदर्शन था। दौड़ खत्म करने के बाद वे कूल डाउन कर रहे थे
- तभी सांस लेने में तकलीफ हुई। मौके पर मौजूद मेडिकल टीम ने तुरंत प्राथमिक उपचार दिया
- लेकिन स्थिति बिगड़ गई। वे बेहोश हो गए और उन्हें तुरंत भरूच सिविल अस्पताल ले जाया गया।
- वहां डॉक्टरों ने जांच की तो पता चला कि दिल में ब्लॉकेज था, जिससे दिल का दौरा पड़ गया और उनकी मौत हो गई।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और पुलिस की जांच
- भरूच के एसपी अक्षय राज मकवाना ने मीडिया को बताया, “पिता महेंद्र सिंह ने कहा
- कि रविराज ने भर्ती के लिए बहुत प्रैक्टिस की थी। उन्होंने 25 मिनट के बजाय 21 मिनट में दौड़ पूरी की।
- पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से दिल में ब्लॉकेज की पुष्टि हुई है।” भरूच पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
- अभी तक कोई लापरवाही का संकेत नहीं मिला है, लेकिन पूरी जांच चल रही है।
परिवार का दर्द: सपना अधूरा रह गया
- रविराज के पिता महेंद्र सिंह खुद पुलिस में हैं, इसलिए बेटे का खाकी वर्दी
- पहनने का सपना उनके लिए भी खास था।
- परिवार सदमे में है। रविराज की मेहनत और लगन की मिसाल दी जा रही है
- लेकिन दिल की छिपी बीमारी ने सब कुछ छीन लिया। यह घटना उन हजारों युवाओं के लिए चेतावनी है
- जो फिजिकल टेस्ट के लिए एक्सट्रीम ट्रेनिंग करते हैं, बिना मेडिकल चेकअप के।
पुलिस भर्ती में फिजिकल टेस्ट की चुनौतियां!
- गुजरात पुलिस भर्ती में PSI और LRD के लिए फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट (PST) में 5 किमी दौड़ पुरुषों
- के लिए अनिवार्य है। समय सीमा 25 मिनट है, जो कई युवाओं के लिए कठिन साबित होती है।
- पिछले कुछ वर्षों में देशभर में पुलिस/आर्मी भर्ती के दौरान दौड़ या फिजिकल टेस्ट में मौतें हुई हैं
- जैसे झारखंड, ओडिशा और अन्य राज्यों में। कारण अक्सर अंडरलाइंग हेल्थ इश्यूज जैसे
- हार्ट प्रॉब्लम, डिहाइड्रेशन या ओवरएक्सर्शन होते हैं।
गुजरात पुलिस भर्ती बोर्ड ने मेडिकल टीम मौजूद रखी थी, लेकिन ऐसी घटनाएं रोकने के लिए पहले से हेल्थ स्क्रीनिंग और ECG जैसे टेस्ट अनिवार्य करने की मांग उठ रही है।
क्या सबक मिलेगा इस घटना से?
- यह दुखद घटना हमें याद दिलाती है कि फिटनेस महत्वपूर्ण है, लेकिन हेल्थ चेकअप से ज्यादा जरूरी कुछ नहीं।
- युवाओं को भर्ती तैयारी के दौरान नियमित मेडिकल जांच करानी चाहिए।
- सरकार और भर्ती बोर्ड को भी फिजिकल टेस्ट से पहले हार्ट स्क्रीनिंग अनिवार्य करने पर विचार करना चाहिए।
- रविराज जैसे मेहनती युवक का सपना अधूरा रह गया, लेकिन उनकी मौत अन्य युवाओं के लिए सबक बन सकती है।








